Thursday, 2 April 2026

समानार्थी शब्द (पर्यायवाची) और वाक्य प्रयोग

 


समानार्थी शब्द (पर्यायवाची) और वाक्य प्रयोग

( H821 समानार्थी शब्द ,विरुध्धार्थी शब्द,मुहावरे और कहावतो का वाक्य मे प्रयोग करते है ) 

क्र.शब्दसमानार्थी शब्दवाक्य प्रयोग
1अम्बर       आकाश              रात के समय अम्बर में अनगिनत तारे चमकते हैं।
2पावनपवित्रगंगा नदी का जल बहुत पावन माना जाता है।
3मंजिललक्ष्यकठिन परिश्रम करने वाले को अपनी मंजिल जरूर मिलती है।
4राहरास्ताहमें हमेशा सच्चाई की राह पर चलना चाहिए।
5तरुवृक्ष / पेड़तरु हमें फल, फूल और शीतल छाया देते हैं।
6जननीमाताजननी और जन्मभूमि स्वर्ग से भी बढ़कर हैं।
7नयनआँखबालक के नयन बहुत ही चंचल और सुंदर हैं।
8जगतसंसार / दुनियायह जगत बहुत बड़ा और विविधताओं से भरा है।
9कुसुमफूलबाग में रंग-बिरंगे कुसुम खिले हुए हैं।
10पवनहवा / वायुसुबह की ताजी पवन स्वास्थ्य के लिए लाभदायक है।
11गर्वअभिमानहमें अपने देश के वीर जवानों पर गर्व है।
12देहशरीरस्वस्थ देह में ही स्वस्थ मन का वास होता है।
13किताबपुस्तककिताब मनुष्य की सबसे अच्छी मित्र होती है।
14नीरजल / पानीप्यासे को नीर पिलाना पुण्य का काम है।
15अँधेराअंधकारज्ञान का प्रकाश होते ही अँधेरा मिट जाता है।
16दोस्तमित्रसंकट के समय जो साथ दे, वही सच्चा दोस्त है।
17शत्रुदुश्मनहमें अपने क्रोध रूपी शत्रु पर विजय पानी चाहिए।
18हर्षखुशीपरीक्षा में प्रथम आने पर मुझे बहुत हर्ष हुआ।
19स्वर्णसोनापुराने समय में भारत को स्वर्ण चिड़िया कहा जाता था।
20प्रार्थनाइबादत / विनतीहमें प्रतिदिन ईश्वर की प्रार्थना करनी चाहिए।


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